भारतीय बैंक्स किसी भी प्रकार की cryptocurrency के लेन- देन को अपनी सेवा प्रदान नहीं करेंगी। पढ़े पूरा विश्लेषण


भारतीय बैंक्स किसी भी प्रकार की cryptocurrency के लेन- देन को अपनी सेवा प्रदान नहीं करेंगी। पढ़े पूरा विश्लेषण

भारतीय बैंक्स किसी भी प्रकार की cryptocurrency के लेन देन को अपनी सेवा प्रदान नहीं करेंगी।।

आज भारतीय रिज़र्व बैंक के गवर्नर उर्जित पटेल ने ये कहा की कोई भी भारतीय बैंक जो रिज़र्व बैंक ऑफ़ इंडिया से प्रमाणित है वो किसी भी तरह के virtual currency जैसे की Bitcoin ,Lit coin की किसी भी एक्सचेंज को अपनी सेवा नहीं दे सकती। उनके इस कदम से एक बात यहाँ साफ़ हो जाती की भारतीय बाजार अभी इस तरह की मुद्रा के लिए तैयार नहीं है। हाला की ये कहना बहुत जल्दबाजी होगी पर इस साल तो ये मुमकिन नहीं लगता हए भारत में आप बिटकॉइन खरीद या बेच सकते है ।इसके सीधे सीधे 2 मुख्य कारण हो सकते है।
1 . अनियंत्रित बाजार सीमा
2 .काला धन

विश्व युद्ध से भी ज्यादा खतरनाक हे “व्यापर युद्ध” पढ़े पूरा विश्लेषण | U.S China Trade War

भारतीय बाजार लगभग 15 लाख करोड़ की छमता रखने वाला बाजार है। हाल ही में भारत की जीडीपी ग्रोथ ने चीन की ग्रोथ को भी पीछे छोड़ दिया था। पर भारत के बाजार में एक दिकत है और वो है इसका अनियंत्रित होना।असल में भारत के बाजार की कुल छमता बता पाना इतना आसान भी नहीं है जितना हम सोचते है। भारत के ऐसा देश है जहा लोग अपना धन सिर्फ कॅश के रूप में ही नहीं बल्कि बाकी चीज़ो में भी रखते है । उदहारण के तोर पर आज तक हम यही नहीं पता कर पाए की भारत के मंदिरो में कितना धन पड़ा है। आपको लग सकता है की ये धार्मिक मामला है पर नहीं ये जो धन है वो राष्ट्र की सम्पति है और इस पर भारत के हर नागरिक का अधिकार है। 15 लाख करोड़ सिर्फ एक अनुमान ही है मगर इस हिसाब से देखा जाये तो भारत में धन की मात्रा शायद सभी अनुमानों को पार कर जाएगी। पर ऐसा भी नहीं है की ये धन लोगो में बराबर बटा हुआ है। हाल ही में एक रिपोर्ट के अनुसार भारत का 70 %& धन भारत के 1 % लोगो के पास है ।इसका मतलब ये हुआ की 99 % लोग किसी भी गिनती में आते ही नहीं। हर रोज कितने ही मजदूर जो दिहाड़ी पे काम करते है उनका हिसाब कोई दे ही नहीं पाता की वो कितना कमाते है और कितना खर्च करते है और ना ही उनके पास कोई अकाउंट मैनेजर होता है ।ये सब बातें ही भारत के बाजार को अनियंत्रित बनती है । अगर इस हालात में इस तरह की मुद्रा के लें देन की छूट मिलती है तो आप समझ सके है की सरकार वितई लें देन पर अपना पूरा नियंतरण खो सकती है । क्यूंकि आप चाह कर भी इस मुद्रा के लें देन को ट्रैक नहीं कर सकते और सरकार तो ये बिलकुल भी नहीं चाहेगी की उसका कण्ट्रोल कम हो।

Forex Trading : Weekly Trading Strategies | Forex forecast 02 April to 06 April 2018.

काला धन और वो धन जो टैक्स की चोरी करके बनाया गया हो ,ज्यादातर इस तरह के धन को रखने के लिए लोग या तो इसे बहार की बैंको में जमा करवा देते है या फिर घर में ही छुपा के रख लेते पर बिटकॉइन के आ जाने से लोगो को एक तरीका मिल जायेगा जी से वो अपना काला धन छुपा सके। अब सरकार तो पहले से काले धन पर घिरी हुयी है तो वो इस तरह का कदम क्यों उठाएगी । वैसे भी पिछले जब साल 2016 के अंत में जब सरकार ने विमुद्रीकरण का फैसला किया था तो उनका पहला लक्ष्य काले धन को ही ख़तम करने का था ।जिसके कारण सरकार ने 500 और 1000 के नोटों को बंद कर दया था।
सरकार के इस फैसला का लाभतो अभी तक कुछ नहीं दिखा है।इसी कारण सरकार ऐसा कोई भी कदम नहीं उठाएगी जिस से काला धन रखने वालो को शह प्राप्त हो।

तो यही वो दो मुख्या वजहें है जो भारत में बिटकॉइन के प्रसार को और बैंको को इसके आदान प्रदान से रोकती है । अगर आप Forex Market से पैसा कामना चाहते है तो हमारा फेसबुक पेज और वेबसाइट को जरूर देखे ।
आप हमारे फेसबुक पेज से जुड़िये। हम निशुल्क सेवा प्रदान करते है। फोरेक्स ट्रेडिंग से आप एक महीने में $1000 usd से $5000 usd कमा सकते है ।
हमारे निवेशक सलाहकार आपके हर कदम पर आपका साथ देंगे। अपना काम अपना ही होता है । आज ही हमें contact करें।
हमारा फेसबुक पेज : https://www.facebook.com/foxamoney/
और वेबसाइट है www.Foxamoney .com

 

 

1 Comment

  1. You name it and South Africa has an abundance of it.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *